
दिल्ली उच्च न्यायालय की न्यायाधीश जस्टिस प्रतिभा एम. सिंह को विश्व बौद्धिक संपदा संगठन (WIPO) के सलाहकार बोर्ड (Advisory Board) का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की बढ़ती प्रतिष्ठा और न्यायिक विशेषज्ञता का प्रतीक मानी जा रही है।यह नियुक्ति अक्टूबर 2025 में घोषित की गई, जो WIPO की वार्षिक समिति बैठक के दौरान की गई थी यह घोषणा जिनेवा (स्विट्ज़रलैंड) स्थित WIPO मुख्यालय से की गई।जस्टिस प्रतिभा एम. सिंह बौद्धिक संपदा अधिकार (Intellectual Property Rights – IPR) मामलों की विशेषज्ञ हैं। उन्होंने कई वर्षों तक इस क्षेत्र में महत्वपूर्ण निर्णय दिए हैं और भारतीय न्यायपालिका में IP कानूनों के विकास में अग्रणी भूमिका निभाई है।WIPO ने उन्हें यह दायित्व इसलिए सौंपा क्योंकि उनके पास बौद्धिक संपदा कानून, पेटेंट, ट्रेडमार्क और नवाचार से जुड़े मामलों में गहरा अनुभव है। और नेतृत्व में भारत में IP मामलों में कई वैश्विक स्तर की उपलब्धियाँ हासिल की हैं WIPO के सदस्य देशों की सिफारिश और एक अंतरराष्ट्रीय चयन प्रक्रिया के बाद न्यायमूर्ति सिंह द्वारा चयन किया गया। अब वे विश्वभर के बौद्धिक संपदा विशेषज्ञों के साथ मिलकर वैश्विक IP नीति निर्माण, नवाचार को बढ़ावा देने और कानूनी समन्वय पर काम करेंगी।यह पहली बार है जब किसी भारतीय न्यायाधीश को WIPO के इतने उच्च पद पर नियुक्त किया गया है। इससे भारत की न्याय प्रणाली और IP कानूनों की वैश्विक पहचान और मजबूत होगी।यह भारत के IP कानूनों की वैश्विक मंच पर एक मजबूत और सकारात्मक छवि बनाने में मदद करेगा।