
अयोध्या में सोमवार 20 अक्टूबर को दीपोत्सव 2025 का आयोजन भव्यता और श्रद्धा के साथ हुआ, जिसमें 26,17,215 दीपों से रामनगरी जगमगा उठी। इस ऐतिहासिक आयोजन ने दो नए गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड स्थापित किए।इस वर्ष के दीपोत्सव में 56 घाटों पर 26 लाख से अधिक दीप जलाए गए, जिससे सरयू नदी के किनारे एक दिव्य दृश्य प्रस्तुत हुआ। इस आयोजन में 33,000 स्वयंसेवकों ने भाग लिया, जिन्होंने दीपों की व्यवस्था और प्रज्वलन में योगदान दिया। गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड के प्रतिनिधियों ने ड्रोन तकनीक के माध्यम से दीपों की गिनती की और आधिकारिक रूप से पुष्टि की। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस अवसर पर कहा कि दीपों की यह संख्या सत्य और धर्म की विजय का प्रतीक है, जो पांच शताब्दियों की अंधकार से प्रकाश की ओर बढ़ने का संकेत है। उन्होंने अयोध्या को ‘धर्म की राजधानी’ और ‘रामराज्य’ की परिकल्पना का केंद्र बताया। इस आयोजन में रामलीला, लेजर और ड्रोन शो, और भव्य आतिशबाजी ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। राम की पैड़ी पर 2,128 पुजारियों और भक्तों ने सामूहिक आरती की, जो एक और गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड के रूप में दर्ज हुई।