

अमेरिका में पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के खिलाफ एक बार फिर माहौल गरमाता नजर आ रहा है। देश के कई हिस्सों में शनिवार को हजारों लोगों ने “No Kings” (कोई राजा नहीं) नाम से विरोध रैलियां निकालीं। यह प्रदर्शन ट्रंप के हालिया बयानों और चुनावी प्रचार के दौरान उनके सत्तावादी रवैये के विरोध में आयोजित किए गए।मुख्य शहरों में रैलियों का आयोजनवॉशिंगटन डीसी, न्यूयॉर्क, शिकागो, लॉस एंजेलिस और सिएटल समेत दर्जनों बड़े शहरों में नागरिकों ने सड़कों पर उतरकर लोकतंत्र की रक्षा की अपील की। लोगों ने “Democracy, Not Dictatorship” और “America Has No Kings” जैसे नारे लगाए। कई जगहों पर प्रदर्शनकारियों ने अमेरिकी झंडे के साथ “Stop Trump’s Power Grab” लिखे प्लेकार्ड भी उठाए।प्रदर्शनकारियों की मांगेंविरोध करने वालों का कहना है कि ट्रंप का हालिया भाषण “लोकतंत्र के लिए खतरे का संकेत” है। प्रदर्शन में शामिल एक सामाजिक कार्यकर्ता ने कहा, “अमेरिका किसी राजा या तानाशाह के लिए नहीं बना। अगर ट्रंप फिर सत्ता में आते हैं, तो देश की संस्थाएं खतरे में पड़ जाएंगी।”रिपब्लिकन खेमे की प्रतिक्रियावहीं रिपब्लिकन पार्टी और ट्रंप समर्थकों ने इन प्रदर्शनों को “राजनीतिक ड्रामा” करार दिया है। उनका कहना है कि यह “डेमोक्रेटिक कैंप का डर फैलाने का तरीका” है। ट्रंप कैंपेन टीम ने बयान जारी कर कहा, “अमेरिकी जनता 2024 में फिर ट्रंप को सत्ता में देखना चाहती है क्योंकि वे मजबूत नेतृत्व के प्रतीक हैं।”