

बस्तर/नई दिल्ली: छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले में शनिवार को नक्सल विरोधी अभियान के तहत अब तक का सबसे बड़ा नक्सली सरेंडर हुआ है। कुल 210 नक्सलियों ने आज आत्मसमर्पण कर दिया और अपने हथियार सुरक्षा बलों के हवाले कर दिए। इनमें कई हार्डकोर नक्सली और सक्रिय दस्तों के सदस्य शामिल बताए जा रहे हैं।गृह मंत्री अमित शाह के ‘नक्सल मुक्त भारत मिशन 2026’ के तहत यह सरेंडर सुरक्षा एजेंसियों के लिए बड़ी उपलब्धि मानी जा रही हैजानकारी के अनुसार, बस्तर पुलिस और केंद्रीय सुरक्षा बलों के संयुक्त अभियान के बाद यह आत्मसमर्पण संभव हुआ। सरेंडर करने वाले नक्सलियों में महिला माओवादी भी शामिल हैं, जो लंबे समय से जंगलों में सक्रिय थीं।पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इन नक्सलियों ने सरकार की पुनर्वास नीति का लाभ लेने की इच्छा जताई है और मुख्यधारा में लौटने का संकल्प लिया है।केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने हाल ही में कहा था कि 2026 तक देश को नक्सल मुक्त बनाना केंद्र सरकार का लक्ष्य है। शाह ने सुरक्षा एजेंसियों को नक्सल प्रभावित इलाकों में विकास और विश्वास की रणनीति पर काम करने के निर्देश दिए हैं।