
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने एक गंभीर चेतावनी जारी की है कि यदि इज़राइल पश्चिमी तट (West Bank) पर कब्ज़ा करने की कोशिश करता है, तो इससे पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की गाज़ा शांति योजना पूरी तरह से अस्थिर हो सकती है। यह योजना गाज़ा और वेस्ट बैंक में शांति स्थापित करने तथा इज़राइल-फिलिस्तीन विवाद को खत्म करने के उद्देश्य से बनाई गई थी।कब (When):यह बयान रुबियो ने गुरुवार, 23 अक्टूबर 2025 को वॉशिंगटन डी.सी. में मीडिया को संबोधित करते हुए दिया। यह ऐसे समय में आया है जब गाज़ा और इज़राइल के बीच फिर से तनाव बढ़ने लगा है और अंतरराष्ट्रीय समुदाय मध्यस्थता के प्रयासों में जुटा हुआ है।यह बयान अमेरिका की राजधानी वॉशिंगटन डी.सी. में जारी किया हैं, लेकिन चर्चा का मुख्य केंद्र पश्चिम एशिया (मध्य पूर्व) का इलाका का रहा हैं विशेष रूप से गाज़ा पट्टी और वेस्ट बैंक, जहां इज़राइल और फिलिस्तीन के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा है।यह बयान अमेरिका के मौजूदा विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने दिया हैं कि जो राष्ट्रपति प्रशासन की ओर से मध्य पूर्व नीति की समीक्षा और संतुलन बनाए रखने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने अपने बयान में अमेरिका की कूटनीतिक स्थिति को स्पष्ट करते हुए इज़राइल को संयम बरतने की सलाह दी हैंरुबियो का कहना है कि यदि इज़राइल पश्चिमी तट पर कब्ज़ा करने का प्रयास करता है, तो यह अमेरिका द्वारा वर्षों से बनाए गए शांति प्रयासों पर पानी फेर सकता हैं अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रम्प की “गाज़ा पीस प्लान” दो-राष्ट्र समाधान पर आधारित थी — जिसमें इज़राइल और फिलिस्तीन, दोनों के लिए अलग-अलग सीमाएँ और प्रशासनिक अधिकार तय किए गए थे। लेकिन कब्ज़े की कोई भी कार्रवाई फिलिस्तीन की नाराज़गी और हिंसा को भड़का सकती है, जिससे पूरा क्षेत्र अस्थिर हो जाएगा।रुबियो ने कहा कि अमेरिका अभी भी क्षेत्र में स्थायी शांति चाहता है और अगर कोई पक्ष समझौते से हटता है तो यह केवल हिंसा और अविश्वास को बढ़ावा दे सकता है उन्होंने चेतावनी दी कि कब्ज़े की कोशिशों से “ट्रम्प की योजना में प्रस्तावित विकास परियोजनाएं और कूटनीतिक समर्थन” रुक जाएंगे, जिससे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इज़राइल को आलोचना झेलनी पड़ सकती हैविदेश मंत्री रुबियो का यह बयान ऐसे समय में आया है जब गाज़ा में मानवीय संकट गहरा रहा है और अंतरराष्ट्रीय दबाव बढ़ता जा रहा है